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विधाननगर में कुत्तों के बढ़ते प्रभाव से मेयर भी परेशान

कोलकाताः विधाननगर नगर निगम के मेयर सब्यसाची दत्त से स्थानीय निवासियों ने रास्ते के कुत्तों के जन्म को नियंत्रित करने की अपील की है. उनके आवेदन की बात को ध्यान में रख कर रास्ते के कुत्तों के जन्म पर नियंत्रण के दिशा में कार्रवाई करने की मेयर ने जानकारी दी है. साल्टकेल के ए ई (पार्ट-२) ब्लाक के निवासियों के साथ इलाके की समस्या को लेकर सब्यसाची बात करने आये थे.

इसके साथ नागरिकों ने कुत्तों पर नियंत्रण करने का आवेदन किया. मेयर ने नागरिकों से कहा कि इस समस्या से वह खुद भी परेशान हैं. परंतु नागरिकों के एक हिस्से के साथ कुत्तों के प्रेम के काऱण वह इस दिशा में कुछ कर नहीं पा रहे हैं. उन्होंने यह बात कही. उल्लेखनीय है कि गत नवंबर में बागुईआटी में खुद के घर से लौटते समय संगीतकलाकार ज्योति प्रकाश चट्टोपाध्याय को रास्ते के कुत्ते ने हमला कर दिया था. रास्ते पर गिरने से उनकी कमर की हड्डी टूट गयी थी. बाद में अस्पताल में हृदय रोग के पीड़ित होकर उनकी मृत्यु हो गयी थी.

शनिवार ज्योति की पत्नी नूपूर ने कहा कि अन्य निवासियों का कुत्ता प्रेम के कारण मेरा तो काफी नुकसान हो गया. इतनी बड़ी घटना के बाद भी स्थिति में कोई बदलाव नहीं हुआ. अभी भी दोनों समय लोग कुत्तों को खिलाते हैं. कुत्ते बिना रोक टोक के घूम रहे हैं. कुत्ते प्रमियों के विरोध से बचने के लिए पिछले पुस्तक मेले में कोलकाता  नगर निगम की  सहायता से साल्टलेक के सेंट्रल पार्क से छिपे लावारिश कुत्तों को उठा कर ले जाया गया था. शुक्रवार ए ई (पार्ट-२) की बैठक में मेयर सब्यसाची ने कहा कि हमारे आवासन में अन्य फ्लैट के लोग कुत्तों को खाना देते हैं.

रास्ते पर कुत्तों के लिए चावल, मछली के कांटा पड़ा रहता है. एक दो बार तो मैं भी फिसल गया. पर पड़ोसियों का कहना है कि उन्हें कौन खिलायेगा. कुत्तों के वशों में वृद्धि पर लगाम लगाने के लिए इस बीच दक्षिण दमदम पालिका ने बेलगाछिया के प्राणी विश्‍वविद्यालय के साथ संयुक्त रुप से मिल कर कुत्तों का बांध्यताकरण का कार्य शुरू करेगा. पर विधाननगर निगम का कहना है कि कुत्तों के प्रति बांध्यताकरण के लिए स्वंयसेवी संस्थान काफी अधिक कीमत मांग रहे हैं. आर्थिक कारणों से उन्हें इस परियोजना में शामिल नहीं किया जा रहा है.  

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